गिरिडीह | गांडेय
PM आवास योजना में बड़ा खेल? : गांडेय प्रखंड से पीएम आवास योजना को लेकर बड़ा मामला सामने आया है। PM Awas Yojana Scam के इस मामले में आरोप है कि एक ही परिवार को दो अलग-अलग पंचायतों में योजना का लाभ दे दिया गया।
जानकारी सामने आने के बाद प्रशासनिक महकमे में हलचल मच गई है और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
🏠 एक पंचायत में पति को मिला घर, दूसरी में पत्नी को किस्त
मामले के अनुसार पहले पति को एक पंचायत में पीएम आवास योजना का लाभ मिला और बाद में दूसरी पंचायत में पत्नी के नाम से भी योजना स्वीकृत कर दी गई।
इतना ही नहीं, पत्नी के नाम से पहली किस्त का भुगतान भी हो चुका है और निर्माण कार्य शुरू होने की बात सामने आई है।
⚠️ नियमों पर उठे सवाल
स्थानीय लोगों और पंचायत प्रतिनिधियों का कहना है कि पीएम आवास योजना के नियमों के अनुसार एक ही परिवार को दो बार लाभ नहीं दिया जा सकता।
ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि आखिर दूसरी बार योजना स्वीकृत कैसे हुई और किस स्तर पर लापरवाही या गड़बड़ी हुई।
📄 पहले भी मिल चुका था लाभ
जानकारी के अनुसार पति को पूर्व में पीएम आवास योजना का लाभ मिल चुका था और आवास निर्माण पूरा भी हो गया था।
इसके बाद नए वित्तीय वर्ष में पत्नी के नाम से फिर योजना स्वीकृत होने से मामला संदिग्ध माना जा रहा है।
🚔 प्रशासन ने शुरू की जांच
मामला सामने आने के बाद प्रशासन हरकत में आ गया है। अधिकारियों ने संबंधित पंचायत प्रतिनिधियों और कर्मियों से जवाब मांगा है।

सूत्रों के अनुसार लाभ राशि की रिकवरी और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की प्रक्रिया भी शुरू की जा सकती है।
🧾 पंचायत प्रतिनिधियों के अलग-अलग दावे
इस मामले में पंचायत स्तर पर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं। कुछ लोगों का कहना है कि दस्तावेजों के आधार पर योजना स्वीकृत हुई, जबकि अन्य लोग इसे स्पष्ट गड़बड़ी बता रहे हैं।
अब पूरा मामला जांच रिपोर्ट पर टिका हुआ है।
🔎 Latest Follow-up (अपडेट)
सूत्रों के अनुसार प्रशासन ने संबंधित फाइलों और दस्तावेजों की जांच शुरू कर दी है।
यदि जांच में गड़बड़ी साबित होती है, तो:
- राशि की रिकवरी
- पंचायत कर्मियों पर कार्रवाई
- योजना लाभ रद्द
जैसे कदम उठाए जा सकते हैं।
📢 JharkhandBuzz Investigation Update
PM Awas Yojana Scam का यह मामला ग्रामीण योजनाओं में पारदर्शिता और निगरानी पर बड़े सवाल खड़े कर रहा है। स्थानीय लोग पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
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