ड्रोन से चिन्हित कर नष्ट की गई 10 एकड़ अफीम की खेती, चौपारण में वन विभाग–पुलिस का बड़ा संयुक्त अभियान

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 हजारीबाग चौपारण
झारखंड में अवैध मादक पदार्थों की खेती और तस्करी के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए एक और बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। चौपारण थाना क्षेत्र के ग्राम मुर्तिया में वन विभाग और चौपारण पुलिस की संयुक्त टीम ने अभियान चलाकर करीब 10 एकड़ क्षेत्र में अवैध रूप से की जा रही अफीम की खेती को मौके पर ही नष्ट कर दिया। यह कार्रवाई 03 फरवरी 2026 को प्राप्त गुप्त सूचना के आधार पर की गई।

इस अभियान से मादक पदार्थों के कारोबार से जुड़े लोगों में हड़कंप मच गया है।

🚨 गुप्त सूचना पर बनी संयुक्त टीम

पुलिस सूत्रों के अनुसार, प्रशासन को सूचना मिली थी कि चौपारण थाना क्षेत्र के अंतर्गत अंजन और आसपास के दुर्गम इलाकों में बड़े पैमाने पर अफीम की अवैध खेती की जा रही है। सूचना की पुष्टि के बाद वन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम गठित की गई और तत्काल कार्रवाई का निर्णय लिया गया।

अभियान का नेतृत्व एसडीपीओ बरही अजीत कुमार बिमल के निर्देशन में किया गया।

🌱 10 एकड़ में फैली थी अवैध खेती

संयुक्त टीम जब ग्राम मुर्तिया के दुर्गम इलाकों में पहुंची तो वहां अफीम की खेती फैली हुई मिली। टीम ने अलग-अलग स्थानों पर फैले करीब 10 एकड़ क्षेत्र में अवैध रूप से लगाए गए अफीम के पौधों को चिन्हित किया और मौके पर ही पूरी फसल को नष्ट कर दिया।

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चौपारण में ड्रोन से चिन्हित कर नष्ट की गई अवैध अफीम की खेती | Credit : Ai edited

अधिकारियों के अनुसार, यदि यह फसल तैयार हो जाती तो इससे अंतरराष्ट्रीय स्तर तक तस्करी की आशंका थी।

🚰 सिंचाई में इस्तेमाल हो रहे पाइप भी नष्ट

अभियान के दौरान मौके से चार डिलीवरी पाइप भी बरामद किए गए, जिनका इस्तेमाल अफीम की खेती में सिंचाई के लिए किया जा रहा था। टीम ने इन पाइपों को भी वहीं पर नष्ट कर दिया, ताकि भविष्य में दोबारा खेती संभव न हो सके।

🛰️ ड्रोन से हो रही निगरानी, दुर्गम इलाके भी रडार पर

इस कार्रवाई की खास बात यह रही कि ड्रोन तकनीक का उपयोग कर दुर्गम और जंगली इलाकों को चिन्हित किया गया। प्रशासन का कहना है कि अब ड्रोन के माध्यम से उन इलाकों पर भी नजर रखी जा रही है, जहां पैदल पहुंचना मुश्किल होता है।

ड्रोन सर्वे से अवैध खेती को शुरुआती चरण में ही चिन्हित कर नष्ट किया जा रहा है।

👮‍♂️ दोषियों की पहचान जारी, होगी कानूनी कार्रवाई

पुलिस ने बताया कि अवैध रूप से अफीम की खेती करने वाले व्यक्तियों के नाम-पते का सत्यापन किया जा रहा है। दोषियों की पहचान होते ही उनके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत कांड दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

फिलहाल मामले में अग्रतर जांच और कार्रवाई जारी है।

🤝 संयुक्त अभियान में ये अधिकारी रहे शामिल

इस अभियान में वन विभाग और पुलिस के कई अधिकारी व कर्मी शामिल रहे, जिनमें प्रमुख रूप से:

  • अजीत कुमार बिमल – एसडीपीओ, बरही
  • चंद्रशेखर – पु.नि., बरही अंचल
  • सरोज सिंह चौधरी – थाना प्रभारी, चौपारण
  • एसआई सुबिन्दर राम
  • एसआई सरवन कुमार पासवान
  • एएसआई बदल महतो
  • एएसआई कमरुद्दीन
  • सशस्त्र बल के जवान
  • वनपाल कुलदीप कुमार

⚠️ मादक पदार्थों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस

प्रशासन ने साफ कहा है कि अवैध मादक पदार्थों की खेती, तस्करी और कारोबार के खिलाफ आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। चौपारण और आसपास के इलाकों को लगातार निगरानी में रखा गया है।

अधिकारियों ने स्थानीय ग्रामीणों से भी अपील की है कि वे ऐसे अवैध कार्यों में शामिल न हों और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत प्रशासन को दें।

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